आशीष मोदनवाल पत्रकार
वाराणसी में बरामदे में सो रहे बीकॉम छात्र पर एसिड फेंका गया पुलिस ने शुरू की गहन जांच
वाराणसी: राजातालाब थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है जहां घर के बरामदे में सो रहे एक छात्र पर अज्ञात व्यक्ति ने एसिड फेंक दिया। घटना में छात्र गंभीर रूप से झुलस गया और उसे तत्काल उपचार के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 पुलिस और राजातालाब थाना पुलिस मौके पर पहुंची तथा घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और हमलावर की तलाश में जुट गई है।
भोर में सोते समय हुआ हमला
जानकारी के अनुसार राजातालाब थाना क्षेत्र के वीरभानपुर ओदार गांव निवासी चौबीस वर्षीय चंद्रेश पटेल बुधवार की रात अपने घर के बरामदे में सो रहे थे। भोर लगभग तीन बजे किसी अज्ञात व्यक्ति ने उन पर एसिड फेंक दिया। उस समय चंद्रेश ने अपने शरीर पर एक पतली चादर ओढ़ रखी थी। शुरुआती समय में एसिड चादर पर गिरा लेकिन कुछ ही क्षण बाद वह शरीर तक पहुंच गया जिससे उन्हें तेज जलन होने लगी। अचानक हुई इस घटना से चंद्रेश दर्द से चीखने लगे। उनकी आवाज सुनकर परिवार के सदस्य तत्काल मौके पर पहुंचे और उन्हें गंभीर हालत में उपचार के लिए अस्पताल ले गए।
निजी अस्पताल में चल रहा उपचार
परिजनों ने घायल छात्र को तत्काल भदवर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया जहां चिकित्सकों की देखरेख में उनका उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार एसिड के संपर्क में आने से छात्र के शरीर का कुछ हिस्सा झुलस गया है। फिलहाल उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
बीकॉम का छात्र है घायल युवक
घायल छात्र के पिता रामनरेश पटेल ने बताया कि उनका बेटा चंद्रेश पटेल भैरवतालाब स्थित एक महाविद्यालय में बीकॉम की पढ़ाई कर रहा है। उन्होंने बताया कि परिवार की किसी से ऐसी कोई रंजिश नहीं है जिससे इस तरह की घटना की आशंका हो। परिवार के अनुसार यह समझ से परे है कि आखिर किसने और किस कारण से उनके बेटे पर एसिड फेंका। घटना के बाद पूरा परिवार सदमे में है और दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहा है।
पुलिस ने घटनास्थल का किया निरीक्षण
घटना की जानकारी मिलते ही डायल 112 पुलिस टीम और राजातालाब थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और वहां से उपलब्ध साक्ष्यों को एकत्र किया। जांच के दौरान आसपास के लोगों से भी घटना के संबंध में जानकारी ली गई ताकि हमलावर तक पहुंचने में सहा
यता मिल सके।






