
चिरईगांव, बभनपुरा, वाराणसी | 21 मई 2026
काशी की पावन धरती पर स्थित चिरईगांव के बभनपुरा में आज अद्भुत नजारा देखने को मिला। तीनों लोकों में विचरण करने वाले देवर्षि नारद मुनि “नारायण नारायण” का उद्घोष करते हुए अचानक पप्पू सिंह के घर पधारे।
सिंह परिवार ने किया भव्य स्वागत

नारद जी के आगमन की खबर मिलते ही मनोज सिंह, गोलू सिंह, यशवंत सिंह, शैलेन्द्र सिंह, बीर बहादुर सिंह, मोनू सिंह, पुनीत सिंह और मनीष सिंह तुरंत आंगन में इकट्ठा हो गए। घर की महिलाओं ने मंगल गीत गाए और आरती उतारकर देवर्षि का स्वागत किया।
नारद जी ने सुनाई यथार्थ गीता महिमा 
बभनपुरा की मिट्टी को प्रणाम करते हुए नारद जी बोले, “वत्स पप्पू, ये तो बाबा विश्वनाथ की नगरी है। यहां तो स्वयं शिव वास करते हैं। तुम्हारे परिवार की एकता देखकर लगता है स्वामी महाराज जी की कृपा तुम पर बरस रही है। मैं ये खबर लेकर सीधे वैकुण्ठ जाऊंगा।”
गांव में फैली चर्चा
चिरईगांव में नारद जी के आने की खबर जंगल में आग की तरह फैल गई। आस-पास के गांवों से लोग पप्पू सिंह के दरवाजे पर दर्शन के लिए जुटने लगे।
मनोज सिंह ने कहा, “बभनपुरा का नाम तो आज धन्य हो गया। महाराज जी का आशीर्वाद मिला है, अब गांव में कोई कष्ट नहीं रहेगा।”
गोलू सिंह ने बताई बड़ी बात
नारद जी ने इशारा दिए है कि जल्द ही बभनपुरा में “विशाल हरिकीर्तन और भंडारे” का आयोजन होगा।






