वाह रे चेतगंज ट्रैफिक व्यवस्था जहां बाकी क्षेत्रों में ऑटो चालकों पर कार्रवाई की तलवार बिजली की रफ्तार से चलती है वहीं साहब के इलाके में ऑटो और विक्रम ऐसे घूमते हैं जैसे उन्हें वीआईपी पास मिला हो।
रेलवे कैंट स्टेशन के आसपास सुबह-सुबह दर्जनों विक्रम और ऑटो खुलेआम फर्राटा भरते दिखाई देंगे लेकिन कार्रवाई?
वो शायद किसी फाइल में ट्रैफिक जाम में फंसी हुई है।
ऊपर के अधिकारी अभियान चला रहे हैं
अवैध वाहनों पर सख्त कार्रवाई करो
और नीचे से चेतगंज क्षेत्र से जवाब आता है
सबका साथ सबका विश्वास… बाकी सीज बाद में देखेंगे।
जनता सोच रही है कि आखिर ये कौन सी ऐसी मजबूरी है
जहां दूसरे क्षेत्रों में चालान और सीजिंग का रिकॉर्ड बन रहा है
लेकिन यहां वाहन चालकों को खुली छूट का आशीर्वाद प्राप्त है।
लगता है चेतगंज क्षेत्र में ट्रैफिक नियम नहीं
समझदारी और सेटिंग ज्यादा प्रभावी है।
वरना बिना कार्रवाई के इतने वाहन रोज सड़क पर कैसे दिखाई देते?
अगर यही हाल रहा तो आने वाले समय में ट्रैफिक नियमों की किताब में नया अध्याय जुड़ जाएगा
कुछ क्षेत्रों में नियम लागू, कुछ में केवल दर्शन।





