उमस भरी गर्मी से जनजीवन हुआ बेहाल,अंधा- धुंध बिजली कटौती ने बनाया रिकॉर्ड
करमा समेत दर्जन भर गांवों में पेयजल संकट गहराया
सोनभद्र (विनोद मिश्रा)
विद्युत उप केंद्र पसहीं से जुड़े उपभोक्ता अंधाधुंध विद्युत कटौती से बेहाल हो उठे हैं इस समय भीषण गर्मी व उमस से जहां जनजीवन बेहाल है वही कटे पर नमक छिड़कने का काम विद्युत विभाग कर रहा है। विगत कुछ दिनों से पसहीं विद्युत उपकेंद्र की विद्युत आपूर्ति बेपटरी हो गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे विद्युत आपूर्ति के शासनादेश के बावजूद अधिकारियों की मनमानी से रोस्टिंग पर रोस्टिंग की जा रही है। 18 घंटे की कौन कहे 8 घंटे भी पसहीं उपकेंद्र से जुड़े उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति नसीब नहीं हो रही है। उपकेंद्र पर पता करने पर बताया जाता है कि ट्रांसमिशन से कटौती की जा रही है। विद्युत कटौती से क्षेत्र में पेयजल के लिए हाहाकार मचा हुआ है। किंतु इस ओर न तो अधिकारियों का ध्यान जा रहा है और न ही जनप्रतिनिधियों को इससे कोई सरोकार है। इस स्थिति में अघोषित विद्युत कटौती का खामियाजा उपकेंद्र कर्मियों को भी भुगतना पड़ रहा है।विद्युत कटौती से आज़िज़ उपभोक्ता आये दिन उपकेंद्र पर पहुँच विद्युत कर्मियों से गाली गलौज होते देखा जा रहा है।
बताते चलें कि करमा में ग्रामसमुह पेयजल योजनांतर्गत स्थापित वाटर हेड टैंक द्वारा क्षेत्र के दर्जनों गांवों में पेयजल की आपूर्ति होती है। अघोषित विद्युत कटौती से पेयजलापूर्ति बुरी तरह प्रभावित हुई है। लोग पानी के इधर उधर भटक रहे हैं। करमा व आस पास के गांवों में लगे इंडिया मार्का हैंडपंपों में ग्रामपंचायतों के द्वारा सबमर्सिबल लगा दिए गए है जो पूरी तरह से विद्युत आपूर्ति पर ही निर्भर हैं।
क्षेत्रीय उपभोक्ताओं ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों से हस्तक्षेप कर शासन द्वारा निर्धारित 18 घण्टे विद्युत आपूर्ति की मांग की है।