झोलाछाप डॉक्टरों के कारण मरीजों की जान सासत में : सत्य प्रकाश
जौनपुर ! कहा जाता है कि डॉक्टर ईश्वर का दूसरा रूप होता है, लोगों के जीवन को बचाने के लिए एक डॉक्टर अपनी पूरी ऊर्जा से मरीज को स्वस्थ करने का प्रयास करते हैं लेकिन इस युग में डॉक्टर इसे अपना एक व्यवसाय समझ बैठे हैं , केवल केवल उनका उद्देश्य धन प्राप्त करना हो गया है , आज भी बहुत से डॉक्टर अपनी कर्तव्य निभा रहे हैं समाज के प्रति किंतु ऐसे कुछ डॉक्टर हैं जो केवल मरीज से धन कमा रहे हैं भारतीय शिक्षा पद्धति के अनुसार डॉक्टर बनने के लिए डिग्री का होना आवश्यक है और जिनके पास डॉक्टर की डिग्रियां नहीं है उन्हें फर्जी डॉक्टर कहते हैं
यह सब मरीज की दुखों का पूर्ण रूप से निवारण भी नहीं कर पाते हैं फर्जी डॉक्टर मैं इस धंधे को लाभदायक बनाने के लिए निजी अस्पतालों से भी साठ गाठ कर रखी हैं मरीज की हालत ज्यादा गंभीर होने पर वह उन्हें वहां भेज देते हैं जहां से कमीशन के तौर पर उन्हें फायदा होता है फर्जी डॉक्टरों का ग्रामीण क्षेत्रों में धंधा खूब फल फूल रहा है फर्जी डॉक्टर ग्राम स्तर पर अपनी शाखाएं जमाए हुए हैं और बड़े डॉक्टर की तर्ज पर बिना संसाधन के क्लीनिक चलाते हैं फर्जी डॉक्टर वही दवा लिखते हैं जिनमें उन्हें कमीशन मिलता है अक्सर ऐसे देखने को मिलता है फर्जी डॉक्टरों के इलाज से मरीज की जान आफत में आ जाती है
यह झोलाछाप डॉक्टर नकली दवा के साथ इलाज कर मरीज के जीवन से खिलवाड़ कर रहे हैं ऐसा भी देखा गया है की कई झोलाछाप डॉक्टर नशे के व्यापार से भी जुड़े हुए हैं ऐसे गांव में चल रही है क्लिनिक नशेड़ियों के पौध को पैदा करने में जुटे हुए हैं मगर देश भर में प्रशासन को जानकारी के बावजूद इन पर नकेल की कोई कार्रवाई अंजाम नहीं दी जाती है समाजवादी पार्टी के नेता रामपुर ब्लॉक से प्रमुख पद के पूर्व प्रत्याशी सत्य प्रकाश ने कहा कि ग्रामीण पंचायत को इस दिशा में प्रयास करना चाहिए कि उसके गांव में कोई स्टॉफ और जरूरी चिकित्सा सेवा उपकरण की कमी ना हो अगर ऐसा है तो वह सरकार से मांग कर उसे पूरा करवाएं !!
✍️ UP 18 NEWS से अखिलेश मौर्या की रिपोर्ट