मिर्जापुर: उत्तर प्रदेश इलेक्शन में चाहे भारतीय जनता पार्टी हो या समाजवादी पार्टी सभी ने मझवा विधानसभा सीट पर अपना प्रत्याशी उतारने के लिए बहुत कुछ सोचा और समाजवादी पार्टी ने अपने टिकट भी बदलें अब जब सभी प्रत्याशियों के टिकट फाइनल हो गए तो मामला यह फसता है कि आखिरकार समीकरण कहां जाता है समीकरण का माने तो मझवा विधानसभा में वोट बैंक सबसे ज्यादा बिंद समाज का पाया जाता है, लेकिन बिंद समाज से निषाद पार्टी और भारतीय जनता पार्टी के गठबंधन से डॉ. विनोद कुमार बिंद जो की साइकिल की सवारी छोड़ कमल का दामन थाम लिए प्रत्याशी हैं. और वहीं दूसरी तरफ बहुजन समाज पार्टी से पुष्प लता बिंद भी बिंद समाज से आती हैं जो कि मझवा विधानसभा में सबसे ज्यादा वोट बैंक बिंद समाज का है। वह भी कहीं ना कहीं बटती नजर आ रही है।
वही समाजवादी पार्टी से रोहित शुक्ला लल्लू जो कि समाजवादी पार्टी से प्रत्याशी हैं और पिछली बार भी प्रत्याशी रहे। प्रगतिशील मानव समाज पार्टी से भारतीय जनता पार्टी से टिकट न मिलने पर अभिषेक त्रिपाठी भी मैदान में है जोकि मझवा विधानसभा में बहुत दिन से जन-सम्पर्क में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता के रूप में रहे।
जातीय समीकरण
जातिगत आंकड़ों की बात किया जाए तो यहां पर कुल मतदाताओं संख्या 391245 है. जिसमें पुरुष मतदाता 206603 और महिला मतदाता 184612 हैं. इसमें सबसे अधिक ब्राह्मण मतदाता हैं. इसके बाद दलित और बिंद समाज की संख्या है. ब्राह्मण 84 हजार, दलित 61 हजार, बिंद 60 हजार, यादव 35 हजार, क्षत्रिय 11 हजार, भूमिहार 20 हजार, मौर्या 33 हजार, मुस्लिम 20 हजार, पाल 20 हजार, पटेल 22 हजार और प्रजापति 10 हजार हैं.
अब तक जीते विधायक
1952 – कांग्रेस – बेचन राम
1957 – कांग्रेस – बेचन राम
1960 – कांग्रेस – बेचन राम
1962 – भारतीय जनसंघ – रामकिशन
1967 – कांग्रेस – बेचन राम
1969 – कांग्रेस – बेचन राम
1974 – कांग्रेस – रूद्र प्रसाद सिंह
1977 – संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी – शिवदास
1980 – कांग्रेस – पंडित लोकपति त्रिपाठी
1985 – कांग्रेस – पंडित लोकपति त्रिपाठी
1989 – जनता दल – रूद्र प्रसाद सिंह
1991 – बसपा – भागवत पाल
1993 – बसपा – भागवत पाल
1996 – भाजपा – रामचंद्र मौर्य
2002 – बसपा – डॉ. रमेश चंद बिंद
2007 – बसपा – डॉ. रमेश चंद बिंद
2012 – बसपा – डॉ. रमेश चंद बिंद
2017 – भारतीय जनता पार्टी – शुचिस्मिता मौर्य