चिकित्सक के खिलाफ़ थानाध्यक्ष लोहता को मुकदमा दर्ज करने का हुआ आदेश
⚡वाराणसी। इलाज़ के नाम पर धन उगाही करने के मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट (तृतीय) की अदालत ने थानाध्यक्ष लोहता को प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर मामले की कार्रवाई करने तथा न्यायालय को 3 दिन में अवगत कराने आदेश दिया है। न्यायालय में वादी का पक्ष अधिवक्ता आरके सिंह रखा।
⚡वादी अजय कृष्ण मित्रा ने अपने अधिवक्ता आरके सिंह के माध्यम से प्रार्थना पत्र धारा 156 (3) दर्ज कराया था कि उसकी पत्नी श्रीमती तानिया मित्रा जो कि सांस से पीड़ित रहती हैं तथा उनके फेफड़े में संक्रमण हो गया था। पति अपनी पत्नी के इलाज हेतु डॉ आकाश श्रीवास्तव द्वारा मोबाइल से वार्ता होने के उपरांत डॉक्टर आकाश श्रीवास्तव द्वारा बताया गया कि आप शीघ्र अपने बीमार पीड़ित पत्नी को लेकर वाराणसी स्थित मेरे आशुतोष हॉस्पिटल में भर्ती करा देवें। उनकी देख-रेख चिकित्सक में कोई कोताही नहीं बताई जाएगी। डॉ आकाश श्रीवास्तव के विश्वास में आकर अपनी पत्नी को आशुतोष हॉस्पिटल में डॉक्टर आकाश श्रीवास्तव के देखरेख में भर्ती करा दिया, जहां प्रार्थी की पत्नी 27 अप्रैल 2021 से 4 मई 2021 तक भर्ती रही। प्रार्थी की पत्नी के भर्ती होने के उपरांत डॉक्टर आकाश श्रीवास्तव द्वारा प्रार्थी से इलाज के नाम पर 75 हजार रुपये लगभग प्रतिदिन लेते रहें। बेड या कमरे के नाम पर 40 हजार रुपये प्रतिदिन चार्ज करते रहे। जो वैश्विक महामारी के दौरान में भारत सरकार द्वारा जारी मानकों के विपरीत प्रार्थी को मात्र लूटने का कार्य किया। डॉ आकाश द्वारा इलाज में भी घोर लापरवाही बरती गई। कोविड-19 के नाम पर बिना जांच के प्रार्थी से धन उगाही व लूटने के उद्देश्य से रेमडेसीविर का भी लगभग 3 लाख 60 हजार रुपये भी लिया। उक्त रुपयों को डॉक्टर आकाश तिवारी के द्वारा बताए गए नंबर पर प्रार्थी द्वारा धन (गूगल – पे) पर अंतरिम किया गया। जबकि प्रार्थी द्वारा रेमडेसिविर इंजेक्शन का पूरा पैसा जमा होने के बावजूद भी कोई रेमडेसिविर रिजेक्शन प्रार्थी की बीमार पत्नी को वास्तव में नहीं लगाया गया। इसके उपरांत प्रार्थी की पत्नी की स्थिति इलाज के अभाव में अत्यंत खराब होने लगी। तब डॉक्टर आकाश श्रीवास्तव ने इलाज करने से हाथ खड़ा कर दिया तथा किसी अन्य हॉस्पिटल में इलाज हेतु ले जाने को कहा। घटना की सूचना प्रार्थी ने थाना लोहता को दिया, परंतु कोई कार्रवाई नहीं किया गया।
“ब्रेकिंग न्यूज़” वाराणसी