वाराणसी
सपा एमएलसी आशुतोष सिन्हा ने एक बार फिर से पत्रकारों की सुरक्षा एवं उनकी मूलभूत सुविधाओं का मुद्दा विधान परिषद में उठाया। सपा एमएलसी ने कहा कि सरकार को पत्रकारों की सुरक्षा के लिए पत्रकार सुरक्षा कानून तुरंत लागू करना चाहिए।
सपा एमएलसी आशुतोष सिन्हा ने कहा कि पत्रकारों द्वारा सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार एवं अराजक तत्वों के खिलाफ खबरों को उजागर करने पर लगातार धमकियां मिलती है। साथ ही उनके साथ मारपीट एवं अन्य कई तरह की दुर्घटनाएं भी होती है जिसमे कई पत्रकारों की जान जा चुकी है। उन्होंने कहा कि पत्रकारों की आर्थिक स्थिति दयनीय है जिसके कारण अपने एवं परिजनों का गुजारा करने में काफी असुविधा होती है। सपा एमएलसी ने कहा कि ऐसे में सरकार को तत्काल पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करना चाहिए। उन्होंने बनारस के सर्किट हाउस का भी मुद्दा उठाया। कहा कि बनारस में पत्रकारों को सर्किट हाउस में जाने से मना करने का
कहा-सरकार लागू करे पत्रकार सुरक्षा कानून
तुगलकी फरमान सुनाने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने प्रदेश के सभी पत्रकारों को बीस लाख तक का कैशलेस इलाज, नये पत्रकारों को 10 हजार एवं 20 वर्ष कार्य कर चुके वरिष्ठ पत्रकारों को 25 हजार रुपये गुजारा भत्ता, एक करोड़ तक का जीवन बीमा, अन्य सरकारी योजनाओं में लाभांवित करना, आवास विकास एवं विकास प्राधिकरण के माध्यम से नो प्रॉफिट नो लॉस के आधार पर भवन / प्लाट उपलब्ध कराना चाहिए। सपा एमएलसी आशुतोष सिन्हा ने विधान परिषद के प्रमुख सचिव से इन प्रकरणों पर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।