विंध्याचल मंडल में प्रस्तावित विश्वविद्यालय को सोनभद्र में स्थापित कराने की मांग — पवन कुमार सिंह एडवोकेट
रावर्ट्सगंज (सोनभद्र)
28 मई 2022 को अलग पूर्वांचल राज्य की मांग कर रहे संगठन पूर्वांचल राज्य जनमोर्चा के संगठन प्रमुख पवन कुमार सिंह एडवोकेट ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मांग किया है कि सोनभद्र जनपद आदिवासी क्षेत्र होने के साथ-साथ वन एवं पहाड़ो से आच्छादित है। तथा बिहार, झारखंड , छत्तीसगढ़ और मध्यप्रदेश की सीमाओं से जुड़ा हुआ है। किंतु आज भी शिक्षा के क्षेत्र में काफी पिछड़ा हुआ इलाका है। मोर्चा मांग करता है कि विंध्याचल मंडल में जो विश्वविद्यालय स्थापित करने को प्रस्तावित है उसे जनपद सोनभद्र में ही स्थापित किया जाए। क्योंकि सोनभद्र जनपद लगभग डेढ़ सौ किलोमीटर के क्षेत्रफल में फैला हुआ है। तथा उच्च शिक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है। जबकि मिर्जापुर एवं भदोही से सटे हुए जनपदों में विश्वविद्यालय हैं। इसलिए उन लोगों को शिक्षा ग्रहण करने में कोई परेशानी नहीं होती, किंतु जनपद सोनभद्र के चारों तरफ चार प्रदेश होने के बावजूद यहां के लोग उच्च शिक्षा से आज भी वंचित हैं।
अतः मोर्चा मांग करता है कि विश्वविद्यालय यहीं पर स्थापित हो ! जिससे यहां के लोग आदिवासी बहुल क्षेत्र में आसानी से शिक्षा ग्रहण कर सके। साथ ही यहां के लोग उच्च शिक्षा प्राप्त कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ सकें। क्यों कि शिक्षा ही एक ऐसा माध्यम है जिससे लोग समाज से जुड़ सकते हैं तथा अपने जनपद को पिछड़ेपन से दूर करने में सहयोग कर सकते हैं ! इसके लिए जल्द ही मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सीमा सिंह की अध्यक्षता में तीन सदस्य संजीव कुमार उर्फ काकु सिंह, ईश्वर जायसवाल एडवोकेट व नवीन कुमार पांडेय एडवोकेट की प्रतिनिधिमंडल प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा मंत्री से मिलकर जनपद सोनभद्र में विश्वविद्यालय स्थापित कराने के हेतु ज्ञापन देगा! यह जानकारी अलग पूर्वांचल राज्य की मांग कर रहे जनमोर्चा के प्रदेश प्रवक्ता काकु सिंह ने दिया है।
Up 18 news report by Anand Prakash Tiwari