सुख करता जय मोरया, दुख हरता जय मोरया
गोमती नगर पत्रकारपुरम
. भारत में लोग कोई भी नया काम शुरू करने से पहले भगवान गणेश की पूजा करते है. भगवान गणेश को विनायक और विघ्नहर्ता के नाम से भी बुलाया जाता है. गणेश जी को ऋद्धि-सिद्धि व बुद्धि का दाता भी माना जाता है.
भगवान गणेश जी एक हफ्ते के लिए ऐसा विराजमान करते है की वो हमारे बीच पृथ्वी पर मौजूद सा लगता हैं और लोग गणपति को प्रसन्न करने के लिए उनकी पूजा अर्चना और मन में काफी उत्साह लिए पूजा अर्चना करते है , और गणपति के भक्त अगले एक साल तक इनके वापस आने की प्रतीक्षा करते है।
गणेश चतुर्थी को विनायक चतुर्थी भी कहा जाता है, यह असल में एक हिंदू त्योहार है. इस त्योहार के दौरान लोग भगवान गणेश की बहुत भक्ति करते हैं. गणेश चतुर्थी की शुरुआत वैदिक भजनों, प्रार्थनाओं और हिंदू ग्रंथों जैसे गणेश उपनिषद से होती है. प्रार्थना के बाद गणेश जी को मोदक का भोग लगाकर, मोदक को लोगो में प्रसाद के रूप में बांटा जाता है.
31अगस्त से चार सितंबर तक गोमती नगर में किया जाएगा |
महाराष्ट्र समाज के गणेशोत्सव की शुरुआत लखनऊ में 1921 में हुई थी |





