ग्राम प्रधान के घर से हो रहा है ग्राम पंचायत के सारे कागजी कार्य,
रायपुर सोनभद्र (Santesvar singh)
ग्राम पंचायत भवन में लगने वाले कंप्यूटर के उपकरण प्रधान ने रखा अपने घर में वही से पूरे होते है सारे सरकारी कार्य।
स्थानीय विकास खंड नगवां के ग्राम पंचायत मांची जो कि सुदूर पहाड़ी क्षेत्र में बसा ग्राम पंचायत है। वैसे तो मनरेगा श्रमिकों सहित पूरे ग्राम पंचायत में कराए जाने वाले सभी कार्य का भुगतान ग्राम सचिवालय से किए जाने का फरमान प्रदेश सरकार ने किया है। पर ग्राम प्रधान तथा पंचायत सचिव की मिलीभगत से सारी योजनाएं भ्रष्टाचार कि भेंट चढ़ जाती हैं।
ऐसा ही हाल है ग्राम पंचायत मांचि का यहां पर अभी तक पंचायत सहायक की नियुक्ति नहीं हो सकी है जबकि हर ग्राम पंचायत में मनरेगा श्रमिकों तथा ग्रामीणों के सहूलियत के लिए पंचायत सहायकों की नियुक्ति हो गई है। लेकिन मंची ग्राम पंचायत में ग्राम प्रधान तथा पंचायत सचिव के लापरवाही कि वजह से पंचायत सहायक की नियुक्ति नहीं हो सकी है।
पंचायत सहायक के लिए आवेदन करने वाले उमाशंकर ने बताया कि प्रधान व सचिव जानबूझकर हमारी नियुक्ति नहीं होने दे रहे हैं उमाशंकर ने बताया कि अपने ग्राम पंचायत से में अकेले ही पंचायत सहायक के लिए आवेदन किया था जबकि हर ग्राम पंचायत में पंचायत सहायकों कि नियुक्ति हो गई है मेरा अभी तक रोका गया है। इस संबंध मै जिला पंचायत राज अधिकारी को भी प्रार्थना पत्र के माध्यम से अवगत कराया गया फिर भी केवल जिले से लेकर ब्लॉक तक सिर्फ आश्वासन ही मिलता है।
इस बाबत जब पंचायत सचिव से वार्ता करने की कोशिश की गई तो उन्होंने फोन नहीं उठाया ग्राम प्रधान ने बताया कि कंप्यूटर के सारे सामान हमारे पास है वहीं से सभी कार्य होते है। ग्राम प्रधान का यह बयान पंचायत विभाग की पोल खोलता है प्रदेश सरकार के योजनाओं को पलीता लगाने का कार्य स्थानीय अधिकारियों द्वारा किया जा रहा है।
इस मामले में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराते हुए ग्राम ने पंचायत सहायक की नियुक्ति करने की मांग की है।