उत्तर प्रदेश इस समय भारत के उस राज्य का नाम है जहां से प्रधानमंत्री की नियुक्ति होती है, लेकिन आज जिस तरह से लोग और लोगों के बच्चे स्कूल जाने के लिए सुबह 6:00 बजे उठते हैं और कोहरे में स्कूल जाते हैं बस का इंतजार करते हैं अन्य वाहन का इंतजार करते हैं, और उसी में बैठकर बच्चे स्कूल जाते हैं लेकिन कोहरे का कहर इस तरह से छाया हुआ कि सबके दिल दहल जाता है कि हमारा बच्चा स्कूल तक पहुंच जाएगा या नहीं पहुंच पाएगा क्योंकि कोहरे में किसी को दिखता नहीं है कि कौन सा बस हमारे बच्चे को स्कूल तक छोड़ पाएगा या नहीं छोड़ पाएगा लेकिन इसके बावजूद भी अभी तक समर वेकेशन इसका मतलब यह है कि ठंडी की छुट्टी आज तक बेसिक शिक्षा अधिकारी यानी कि बीएसए साहब ने तय नहीं किए हैं और अगर किसी के भी बच्चों का एक्सीडेंट हो गया या कुछ भी होगा तो क्या जिम्मेदार बेसिक शिक्षा अधिकारी है जिले के होंगे या योगी सरकार ?????!? होगी काली शंकर उपाध्याय की कलम से