

वाराणसी चिरईगाँव ग्राम पंचायत मोकलपुर गोबरहा और रामचंदीपुर का स्थल निरीक्षण एडीपीआरओ (एडीपीआरओ) और तकनीकी टीम द्वारा किया गया। इस दौरान कई महत्वपूर्ण सुझाव और निर्देश दिए गए, जिनसे पंचायतों में विकास कार्यों की दिशा और गति को बढ़ाने की कोशिश की जाएगी।
गोबरहा में बने पंचायत भवन के निर्माण को लेकर एक अहम सुझाव दिया गया। मौके पर पूर्व प्रधान कृपा शंकर सिंह गांव के वरिष्ठ लोगों ने एडीपीआरओ और तकनीकी टीम से यह प्रस्ताव रखा कि पंचायत भवन का निर्माण अस्पताल के कैंपस में ही किया जाए, क्योंकि वहां पर्याप्त जगह उपलब्ध है। इसके साथ ही, अस्पताल में एक RO प्लांट भी लगाने का सुझाव दिया गया, ताकि पानी की गुणवत्ता को सुनिश्चित किया जा सके। अस्पताल परिसर में हाई मास्क लाइट लगाने का भी निर्देश दिया गया, जिससे परिसर की सुरक्षा और रोशनी बेहतर हो सके।
इसके बाद, मोकलपुर ग्राम पंचायत में स्थित आरसी सेंटर, वर्मी कंपोस्ट और पंचायत भवन का निरीक्षण किया गया। इसी प्रकार, गोबरहा ग्राम पंचायत में भी आरसी सेंटर और वर्मी कंपोस्ट का निरीक्षण किया गया।
रामचंदीपुर ग्राम पंचायत में पंचायत भवन, वाराणसी सेंटर, वर्मी कंपोस्ट और अंत्येष्टि स्थल के निर्माण की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। टीम ने पाया कि इन स्थानों पर कई सुविधाओं की कमी है, खासकर मिट्टी और बिजली की समस्या को लेकर खनन विभाग को पत्र जारी करने का निर्देश दिया गया।
इस पूरे निरीक्षण के दौरान, पंचायत सचिव प्रभु प्रकाश सुलेखा ने बताया कि दोनों विभागों को पत्र पहले ही जारी किए जा चुके हैं, लेकिन उचित कार्रवाई अभी तक नहीं की गई है। उन्होंने यह भी कहा कि विभागों से कार्रवाई की उम्मीद है, ताकि विकास कार्यों में कोई रुकावट न आए और ग्रामीणों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
यह निरीक्षण ग्राम पंचायतों के विकास कार्यों की गति को तेज करने और उनमें पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।