Thursday, February 26, 2026

भारत और चीन के बीच लद्दाख में ऐसे 26 बफर जोन

ये पूर्वी लद्दाख में चुशूल के पार्षद कोंचोक स्टैंजिन हैं।

 

इनका कहना है कि चीन ने नरेंद्र मोदी सरकार के बनाए बफर जोन में 4 तंबू गाड़ दिए हैं। लेकिन हमारे पीएम चुप हैं। विदेश मंत्री ट्रोल विभाग संभाल रहे हैं और रक्षा मंत्री कड़ी निन्दा कर देते हैं।

 

भारत और चीन के बीच लद्दाख में ऐसे 26 बफर जोन हैं, जहां हम अपनी ही जमीन पर झांक नहीं सकते।

 

ऐसा ही बफर जोन मणिपुर में कुकी और मैतेई के बीच बना है। लक्ष्मण रेखा हमारे लिए सनातन मान्यता है।

 

चीन रावण की तरह इस रेखा को लांघ रहा है। हर बार 140 करोड़ अवाम इसे देख–समझ रही है, लेकिन शाम को चाउमीन, नूडल्स खाकर सो जाती है।

 

रामजी का मंदिर अगले साल बनेगा। उससे पहले लक्ष्मण रेखा टूट चुकी है।

 

यह लकीर उस फकीर ने खींची है, जो कहता था–देश नहीं बिकने दूंगा। लेकिन अब उसी चीन की मुद्रा में सस्ते रूसी तेल का पेमेंट हो रहा है। संघी राष्ट्रवादियों के लिए यही भीकास है। असल फायदा अंबानी सेठ को है।

 

देश उस फकीर पर मेहरबान है और भारत अपनी जमीन चीन को कुर्बान कर चुका है।

 

अब शाम को मोमो खाकर सो जाइएगा। इस कमज़ोर देश से कुछ न हो पाएगा।

 

नेहरू और शास्त्री मूर्तियों में कैद हैं।

✍️ UP 18 NEWS से आशीष मोदनवाल की रिपोर्ट

escort bayan sakarya escort bayan eskişehir