चिरईगांव/वाराणसी
ब्लाक प्रमुख अभिषेक सिंह द्वारा मंगलवार को कृषि विभाग द्वारा आयोजित किसान मेला में उपस्थित किसानों को कहा कि भूमंडलीकरण के दौर में कृषि का विविधीकरण जरूरी है, सिर्फ धान-गेहूं का फसल चक्र अपनाकर किसान समृद्ध नहीं हो सकते। उन्हें धान गेहूं संग तिलहनी व दलहनी फसलों की खेती कर आमदनी को बढ़ाना होगा। क्षेत्र के बरियासनपुर के खेल मैदान में जनपद स्तरीय खरीफ तिलहन मेला में उपस्थित किसानों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आज सरसों के शुद्ध तेल के लिए लोग मुंह मांगी कीमत देने को तैयार हैं, यही हाल अन्य उत्पादों का है। समय के साथ उपभोक्ताओं में भी जागरूकता आई है और शहरों में भी जैविक उत्पादों की मांग बढ़ी है। ऐसे में किसान जैविक विधि से तिलहनी व – दलहनी फसलों की खेती करके अपनी – आमदनी में वृद्धि कर सकते है। ब्लाक प्रमुख व ने किसान मेले में उपस्थित किसानों को न जहर खायेंगे न जहर खिलायेंगे का संकल्प
खरीफ तिलहन मेले में किसानों ने लिया जैविक खेती का संकल्प
दिलाते हुए जैविक खेती करने की सलाह दी।
उप कृषि निदेशक अखिलेश कुमार सिंह के निर्देशन में आयोजित किसान मेले में कृषि वैज्ञानिक डा. राहुल सिंह ने किसानों को तिलहनी फसलों की खेती, बीजोपचार, फसल सुरक्षा के साथ ही मार्केटिंग पर विस्तारपूर्वक चचर्चा की। उद्यान विभाग के सुधांशु सिंह ने औद्यानिक फसलों पर विस्तारपूर्वक चचर्चा की। अध्यक्षता करते हुए विट्ठल सिंह ने किसानों से तिलहनी व दलहनी फसलों की खेती को बढ़ावा देने की अपील की। इस दौरान स्मार्ट एग्री प्रोजेक्ट के रामकुमार पटेल, एडीओ केशव प्रसाद यादव, बीटीएम देवमणि त्रिपाठी, रामसकल मौर्या, फुलझार प्रसाद, देवनाथ सिंह, रामनरेश, अश्विनी सिंह, अशोक पाल, धीरज वर्मा, एफपीओ डायरेक्टर रामचंद्र पटेल, दिनेश कुशवाहा, इंद्रमणि, मनोज, जगदीश सहित भारी संख्या में किसान उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन अनिल सिंह ने किया।