वाराणसी चिरईगांव (विकास खण्ड):गेंहू की बाजार दर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2425 रुपये प्रति क्विंटल से अधिक होने के कारण इस वर्ष भी सरकारी गेहूं खरीद की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। विकास खण्ड चिरईगांव में गत एक माह में गेहूं खरीद का आंकड़ा बेहद निराशाजनक रहा है। निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले महज तीन प्रतिशत गेहूं की ही खरीद हो पाई है।
विकास खण्ड में कुल चार गेहूं क्रय केन्द्र संचालित हो रहे हैं, जिनमें से तीन मोबाइल क्रय केन्द्र हैं। बावजूद इसके, किसानों की भागीदारी बेहद कम देखने को मिल रही है।
क्रय केन्द्रों की स्थिति इस प्रकार है:
चिरईगांव प्रथम और द्वितीय केन्द्र: लक्ष्य 9000 क्विंटल, अब तक 10 किसानों से मात्र 332.5 क्विंटल की खरीद।
नरायनपुर केन्द्र: लक्ष्य 4500 क्विंटल, 5 किसानों से 100 क्विंटल की खरीद।
जाल्हूपुर केन्द्र: लक्ष्य 5000 क्विंटल, 3 किसानों से 131.50 क्विंटल गेहूं की खरीद।
क्रय केन्द्र प्रभारी गांवों में जाकर व्यक्तिगत रूप से किसानों को प्रेरित कर रहे हैं, फिर भी स्थिति में सुधार नहीं हो पा रहा है। किसानों का कहना है कि वर्तमान में बाजार में एमएसपी से अधिक दाम मिल रहे हैं, और इस बार उत्पादन भी कम रहा है। इसके अलावा, गेहूं की कीमतों में संभावित वृद्धि की आशा से किसान अभी स्टॉक होल्ड करना ज्यादा बेहतर मान रहे हैं।
प्रशासन और कृषि विभाग के सामने यह एक गंभीर चुनौती बन कर उभरा है कि वे किसानों को कैसे प्रोत्साहित करें और सरकारी खरीद प्रणाली को कैसे मजबूत करें।