
चिरईगांव में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की बैठक, नई कार्यकारिणी गठित, मांगें पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी
वाराणसी, 23 अप्रैल — उत्तर प्रदेश आंगनबाड़ी कर्मचारी कल्याण एसोसिएशन से जुड़ी चिरईगांव ब्लॉक की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं की बैठक बुधवार को ब्लॉक परिसर चिरईगांव में संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष बाबूलाल मौर्य ने की।
बैठक में कार्यकर्ताओं ने अपने अधिकारों व समस्याओं को लेकर चर्चा की और सरकार से कई महत्वपूर्ण मांगें रखीं। इनमें शासकीय कर्मचारी का दर्जा देने, मानदेय में बढ़ोतरी, पदोन्नति में उम्र सीमा की बाध्यता समाप्त करने, सेवा निवृत्ति पर एकमुश्त 10 लाख रुपये और आजीवन पेंशन की व्यवस्था, पोषण ट्रैकर के लिए बेहतर मोबाइल व रिचार्ज सुविधा जैसे मुद्दे शामिल रहे।
साथ ही, प्रत्येक माह परियोजना स्तर पर समस्याओं के समाधान के लिए पदाधिकारियों की उपस्थिति में बैठक कराने की भी मांग रखी गई। कार्यकर्ताओं ने सरकार से अपील की कि आंगनबाड़ी कर्मियों के साथ हो रही अन्यायपूर्ण नीतियों को रोका जाए और जल्द से जल्द मांगों पर कार्रवाई की जाए।
बैठक के दौरान सर्वसम्मति से चिरईगांव ब्लॉक की नई कार्यकारिणी का गठन भी किया गया। इसमें रेखा श्रीवास्तव को अध्यक्ष, नंदनी यादव को महामंत्री, नंद किशोर पटेल को ब्लॉक संरक्षक, सुनीता शुक्ला को उपाध्यक्ष, बीना मौर्या को कोषाध्यक्ष, तथा मंजू देवी, रीता देवी, वीनिता श्रीवास्तव, प्रमिला देवी, बबिता चौहान, पम्मी सिंह और ममता पटेल को कार्यकारिणी सदस्य बनाया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष बाबूलाल मौर्य ने बताया कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगें पूरी तरह से जायज हैं और यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो “काम बंद, कलम बंद” आंदोलन के साथ धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में एक ज्ञापन जिलाधिकारी व डीपीओ बाल विकास के माध्यम से प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को भेजा जाएगा।
बैठक में गीता दूबे, सुनीता विश्वकर्मा, श्वेता सिंह, बिंदु पांडेय, सीमा यादव, कुसुम गिरी, नगीना मौर्या, गायत्री, उर्मिला राय, दिलीप मौर्य सहित सैकड़ों आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहीं। बैठक का संचालन कृष्णा जायसवाल ने किया।