सफाई कर्मियों की गैरहाजिरी और लापरवाही पर उठे सवाल
वाराणसी।चिरईगाँव.
ढाब क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित गांवों में पानी उतरने के बाद चारों ओर कीचड़ और बदबूदार माहौल ने ग्रामीणों का जीना मुहाल कर दिया है। गांव में मच्छरों की भरमार और अस्वच्छ वातावरण से बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ गया है।
ग्रामीण त्रिवेणी सिंह, अशोक तिवारी, अरुद्ध सिंह, तासीलदार सिंह, जंगली गोंड, भइलाल, हरेन्द्र, अश्विनी सिंह और गणेश सिंह ने बताया कि न तो सफाई कर्मी समय पर पहुंच रहे हैं, न ही कीटनाशक या ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव हो रहा है। दवा का छिड़काव भी अब तक नहीं हुआ।
एडीओ पंचायत कमलेश सिंह से बातचीत में पता चला कि सफाई और दवा छिड़काव के लिए पर्याप्त सामग्री उपलब्ध है, मगर सफाई कर्मियों से पूछे जाने पर उनका कहना है कि उनके पास कोई सामान नहीं है, यहां तक कि हैमर मशीन भी खराब पड़ी है।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि आखिर इस लापरवाही का जिम्मेदार कौन है और कब तक गांव के लोग इस गंदगी और बदबू में बीमारियों का खतरा झेलते रहेंगे।