स्कूलों में बच्चों में दिखी पढ़ाई की ललक
अंबेडकरनगर। लंबे समय बाद जिले के 1582 परिषदीय विद्यालयों में पहुंच रहे बच्चों के बीच अब पढ़ाई की ललक साफ दिखने लगी है। शुरूआती दौर में तो बच्चों व अभिभावकों दोनों के बीच असहजता देखने को मिली थी, लेकिन अब स्कूल पहुंच रहे बच्चे पढ़ाई में रुचि लेते दिख रहे हैं। बीते दिन कई परिषदीय विद्यालयों का जायजा लिया तो वहां पढ़ाई का माहौल बेहतर ढंग से देेखने को मिला। शिक्षकों द्वारा भी रुचि लेकर छात्र-छात्राओं को पढ़ाया जा रहा था। ऐसे में यह उम्मीद की जा रही है कि अगले कुछ दिनों में सभी परिषदीय विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था पटरी पर लौट आएगी। अभी सबसे ज्यादा संकट बच्चों की उपस्थिति को लेकर है, लेकिन इसमें सुधार देखने को मिल रहा है। जिले में 1062 प्राथमिक विद्यालय, 237 उच्च प्राथमिक व 283 कंपोजिट स्कूल हैं।पढ़ाई के साथ हो रही दोस्तों से मुलाकात
प्राथमिक विद्यालय अफजलपुर में कक्षा पांच के छात्र शिवांश मिश्र ने कहा कि अब स्कूल आकर अच्छा लग रहा है। जब स्कूल बंद था तब कई दिन मोहल्ला पाठशाला में जाकर शिक्षा ग्रहण की थी। अब स्कूल खुलने के बाद कुछ दोस्तों से भी मिलने का मौका मिला है। बताया कि स्कूल में पढ़ाई अच्छे ढंग से हो रही है। उच्च प्राथमिक विद्यालय अकबरपुर में कक्षा 6 के छात्र आयुष मोदनवाल का कहना था कि विद्यालय बंद रहने के दौरान एक निजी शिक्षक से कोचिंग के जरिए तमाम जानकारी हासिल की। मैं स्कूल बंद रहने के दौरान भी कोचिंग से पढ़ाई कर रहा था। लेकिन अब नियमित स्कूल आ रहा हूं। स्कूल आकर पढ़ाई करने से ज्यादा अच्छे ढंग से समझ में आ रहा है। प्राथमिक विद्यालय टेमा में कक्षा चार की छात्रा प्रज्ञा व प्राथमिक विद्यालय अढ़नपुर में कक्षा पांच की छात्रा मानसी तिवारी ने कहा कि स्कूल खुलने से अच्छा लग रहा है। मोहल्ला पाठशाला कुछ दिन चली थी। स्कूल बंद रहने के दौरान ठीक से पढ़ाइ नहीं हो पा रही थी। अब स्कूल खुलने पर टीचरों द्वारा ठीक से पढ़ाया जा रहा है। इंग्लिश मीडियम प्राथमिक विद्यालय पूरा बक्सराय के कक्षा चार के छात्र श्लोक शर्मा व कक्षा पांच की छात्रा आंचल यादव भी स्कूल आकर खुश दिखाई दे रही हैं। कहा कि स्कूल खुलने का इंतजार हम लोग कर रहे थे। अब स्कूल में आने के बाद दोस्तों से मिलने का मौका भी मिला है।बेहतर ढंग से हो रहा संचालन
जिले के परिषदीय स्कूलों में शासन के निर्देशों के अनुरूप बेहतर ढंग से शिक्षा दी जा रही है। छात्र-छात्राओं की मानक के अनुरूप उपस्थिति तय करने के निर्देश हैं। स्कूलों में बेहतर ढंग से पढ़ाई हो, इसके लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारी लगातार स्कूलों का भ्रमण कर रहे हैं। शिक्षकों को निर्देश है कि विभाग के निर्देशों के अनुरूप प्रभावी ढंग से शिक्षा ग्रहण कराई जाए।
-भोलेंद्र प्रताप सिंह, बीएसए.
*UP 18 NEWS से आशीष मोदनवाल की रिपोर्ट*