बेरोजगार युवाओं के साथ अन्याय पूर्ण रवैया से नाराज अंतराष्ट्रीय न्यायिक मानवाधिकार संरक्षण इकाई ने मंडलायुक्त को सौंपा ज्ञापन।
सोनभद्र(विनोद मिश्र)
महाप्रबन्धक, एन०सी०एल० खड़िया प्रोजेक्ट, शक्तिनगर, जिला सोनभद्र, विन्ध्याचल मण्डल, मीरजापुर अंतर्गत आउटसोर्सिंग कम्पनी, एस०ए० यादव कम्पनी के प्रोजेक्ट मैनेजर सी०बी० बागमारे, खड़िया प्रोजेक्ट, शक्तिनगर, जिला सोनभद्र द्वारा स्थानीय प्रशासनिक पुलिस एवं जनप्रतिनिधियों से साँठगाँठ करके आदिवासी विस्थापितों एवं दलितों तथा बेरोजगारों के साथ अन्यायपूर्ण रवैया अपनाकर उनका मानवाधिकार उल्लंघन करके दैनिक वेतन पर श्रमिकों की नियुक्ति में किये जा रहे मनमाना एवं नियमविरुद्ध नियुक्ति की जाँच तथा कम्पनी में स्थानीय विस्थापितों एवं आदिवासियों को श्रमिक पद पर समायोजित करने की माँग को लेकर अंतर्राष्ट्रीय न्यायिक मानवाधिकार संरक्षण इकाई विन्ध्याचल मण्डल मीरजापुर का एक प्रतिनिधि मण्डल संरक्षण के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुनील कुमार पाण्डेय, एडवोकेट एवं मण्डल अध्यक्ष आजाद आलम के नेतृत्व में आज मण्डलायुक्त विन्ध्याचल: मण्डल मीरजापुर मुथु कुमार स्वामी से मिलकर उन्हें मॉगपत्र सौंपा। एन०सी०एल० खड़िया प्रोजेक्ट में आउटसोर्सिंग के आड़ में श्रमिक पद पर किये जा रहे नियुक्ति में कोटा की वायरल सूची सौंपते हुए उच्च स्तरीय जाँच की माँग किया।
प्रतिनिधि मण्डल का नेतृत्व कर रहे अंतर्राष्ट्रीय न्यायिक मानवाधिकार संरक्षण नई दिल्ली के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुनील कुमार पाण्डेय, एडवोकेट ने कहा कि एन०सी०एल० खड़िया प्रोजेक्ट शक्तिनगर सोनभद्र में आउटसोर्सिंग कम्पनी एस०ए० यादव कम्पनी द्वारा स्थानीय विस्थापितों तथा आदिवासियों के साथ घोर अन्याय करके पैसा लेकर अन्यत्र जनपदों के अभ्यर्थियों को श्रमिक पद पर रखा जा रहा है जो कि स्थानीय लोगों के साथ सरासर अन्याय है। उन्होंने कहा कि कम्पनी द्वारा स्थानीय पूँजीपतियों एवं सम्पन्न लोगों से साँठगाँठ करके आदिवासियों एवं दलितों, गरीबों, बेरोजगारों के हक पर डाका डालने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने तत्काल 342 लोगों को दिये गये श्रमिक कोटे की वायरल सूची सौंपते हुए इसकी उच्च स्तरीय जाँच की माँग किया तथा संरक्षण के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुनील कुमार पाण्डेय, एडवोकेट ने बताया कि इस प्रकरण की जाँच के लिए संरक्षण द्वारा मा० प्रधानमंत्री, ऊर्जा मंत्री, खनन एवं कोयला मंत्री, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, राज्य मानवाधिकार आयोग उ०प्र०, राज्यपाल उ०प्र०, मुख्यमंत्री उoप्रo को भी पत्र भेजकर इस प्रकरण की उच्च स्तरीय जाँच की माँग की गयी है।
प्रतिनिधि मण्डल में सम्मिलित संरक्षण के मण्डल अध्यक्ष आजाद आलम ने कहा कि कम्पनी द्वारा कोयले एवं खनिज उर्वरक उत्पादन से धूल, मिट्टी, कोयला, राख का दंश स्थानीय विस्थापित एवं आदिवासी समाज के लोग झेल रहे हैं, वे बीमार हो रहे हैं जिससे उनकी मृत्यु तक हो रही है। लेकिन उनको रोजगार देने के नाम पर सिर्फ उनके मानवाधिकार का उल्लंघन करके उनका शोषण किया जा रहा है।
प्रतिनिधि मण्डल में प्रमुख रूप से संरक्षण के सोनभद्र के जिलाध्यक्ष उमेश चन्द शुक्ला एड0, प्रदेश महामंत्री शिव नारायण तिवारी प्रदेश सचिव रविंद्र कुमार श्रीवास्तव मीरजापुर के जिलाध्यक्ष जय प्रकाश सेठ, महामंत्री संजय कुमार गुप्ता, फिरदौस अहमद सचिव छोटेलाल तिवारी, नगर अध्यक्ष रत्नेश विश्वकर्मा, आनन्द कुमार सिंह, रविन्द्र कुमार श्रीवास्तव, सुशील कुमार पाण्डेय, ऋषि कुमार सिंह, श्रीमती शिवानी गुप्ता इत्यादि पदाधिकारी सम्मिलित रहे।