डूबते सूर्य को दिया अर्घ्य, मांगा दीर्घायु का वरदान
भटौलीया सोनभद्र सिर पर फल व फूल से भरी डलिया हाथों में अखंड ज्योति। जुबां पर छठ मइया के गीत चेहरे पर श्रद्धा भाव महिलाओं युवा बच्चों और बूढ़े सभी में उत्साह और उल्लास यह मनोहारी दृश्य था सोमवार को घाटों की ओर जाने वाले मार्गों का हर श्रद्धालु के मुख से सिर्फ छठ मइया की महिमा के गीत ही सुनाई दे रहे थे घाटों पर ऐसा नजारा था मानों आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा हो सूर्य ढलते ही व्रती महिलाओं ने जल में उतरकर पुण्य की डुबकी लगाई और भगवान सूर्य को अर्घ्य देकर संतान की दीर्घायु और अखंड सौभाग्य की कामना की
भटौलिया तालाब पर पूजन के लिए जा रहे महिलाओं युवा बच्चों और बूढ़े सभी थे चेहरे के भाव बता रहे थे कि छठ मइया के प्रति उनके मन में अगाध श्रद्धा है। रास्ते में कई जगह पर सड़क खराब भी थे लेकिन छठ मइया के गीत चेहरे पर श्रद्धा भाव इससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ रहा था।

सुहागिनों ने एक दूसरे की मांग में सिंदूर लगाया और अखंड सौभाग्य का आशीर्वाद भी ली




