“सदर कोतवाली में तीन घंटे का बवाल: डॉक्टर आनंद तिवारी सहित 13 नामजद, 150 अज्ञात समर्थकों पर गंभीर धाराओं में केस दर्ज”
चंदौली बबुरी से ~ शिवम् की रिपोर्ट
चंदौली। सदर कोतवाली परिसर में बुधवार की रात हुआ तीन घंटे का बवाल अब भारी पड़ गया है। निजी अस्पताल के संचालक डॉ. आनंद प्रकाश तिवारी और उनके समर्थकों द्वारा कोतवाली का घेराव, हंगामा और पुलिस अधिकारियों से धक्का-मुक्की करने के मामले में पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करते हुए 13 नामजद व 150 अज्ञात समर्थकों पर बीएनएस की कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। कार्रवाई के बाद आरोपितों में हड़कंप मचा हुआ है।

बुधवार को राज्य महिला आयोग की सदस्य सुनीता श्रीवास्तव के जनपद दौरे के दौरान उनके अस्पताल पहुंचने पर विवाद शुरू हुआ। डॉक्टर तिवारी ने आरोप लगाया कि आयोग की सदस्य उनके चेंबर में आईं और इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर बदसलूकी की तथा अपशब्द कहे। वहीं, मौके पर मौजूद महिलाओं के विरोध के बाद वह वहां से लौट गईं।
घटना से आक्रोशित डॉक्टर तिवारी रात में सैकड़ों समर्थकों के साथ सदर कोतवाली पहुंच गए और एफआईआर दर्ज करने की मांग को लेकर जमकर हंगामा किया। समर्थकों ने कोतवाली परिसर में नारेबाजी की, पुलिस पर अपशब्दों की बौछार की और हालात इतने बिगड़ गए कि सीओ सदर के साथ धक्का-मुक्की तक हो गई।
काफी देर तक पुलिस बैकफुट पर रही, लेकिन अब मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए डॉक्टर आनंद प्रकाश तिवारी, भुलाई तिवारी, अमन तिवारी, प्रदीप मिश्रा, अजीत कुमार यादव (बॉडीगार्ड), सतीश मिश्रा, सत्येंद्र यादव, छोटू प्रजापति, मिंटू यादव, वीर यादव, प्रमोद (ड्राइवर), ज्ञान तिवारी, अलख तिवारी सहित 150 अज्ञात महिला-पुरुष समर्थकों पर बीएनएस की धारा 221, 191(2), 132, 352, 324(4), 7, 3, 4, 121(1) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

पुलिस अब आरोपितों के खिलाफ आगे की कार्रवाई में जुटी है और कोतवाली में तनावपूर्ण घटना के बाद माहौल पूरी तरह नियंत्रण में है
चंदौली बबुरी से शिवम् विश्वकर्मा की रिपोर्ट






